हिमाचल प्रदेश में मौसम फिर से सक्रिय हो गया है। 26 सितंबर को मॉनसून के समाप्त होने के बाद, राज्य में मौसम साफ और सुहावना बना हुआ था। लेकिन अब पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश होने लगी है। कांगड़ा और धर्मशाला में मंगलवार को हुई बारिश ने लोगों को एक बार फिर से ठंडक का अहसास कराया।
राजधानी शिमला में भी आसमान में बादल छाए हुए हैं, जिससे मौसम की स्थिति में बदलाव आने की संभावना है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में यैलो अलर्ट जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि 4 अक्टूबर से प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में बारिश होने की संभावना है। इस अलर्ट के मद्देनजर, लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
विभाग ने बताया कि बारिश के साथ-साथ कुछ स्थानों पर तेज हवाएँ भी चलने की संभावना है। यह मौसम परिवर्तन खासकर उन क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण है, जो हाल ही में सूखे का सामना कर रहे थे। बारिश से न केवल तापमान में गिरावट आएगी, बल्कि किसानों के लिए फसलों के लिए भी यह लाभदायक साबित हो सकता है।
इस बीच, स्थानीय लोगों ने बारिश के आने की खुशी जताई है, क्योंकि इससे जलस्तर में वृद्धि होने की उम्मीद है। उनके लिए यह मौसम राहत का संकेत है। हालांकि, अधिकारियों ने सभी नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे बारिश के दौरान सुरक्षित रहने के सभी उपाय करें।