शिमला: हिमाचल प्रदेश में बिजली बिलों को लेकर राजनीतिक विवाद गहराता जा रहा है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने हाल ही में एक प्रेस वार्ता में आरोप लगाया कि राज्य में लोगों को फ्री बिजली का जो लाभ मिलने की उम्मीद थी, वह अब एक बड़े धोखे में बदल गया है। उन्होंने बताया कि जहां पहले 500 रुपए का बिल आने की उम्मीद थी, वहीं अब लोगों को 5000 रुपए और यहाँ तक कि 50 हजार रुपए तक के बिल मिल रहे हैं।
डॉ. बिंदल ने यह भी कहा कि इस स्थिति से जनता में गहरी नाराजगी व्याप्त है और भाजपा ऐसी समस्याओं को हल करने के लिए कोर्ट में जाने की योजना बना रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों के कारण आम जनता परेशान हो रही है और यह स्थिति पूरी तरह से अस्वीकार्य है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि वह बिजली बिलों के मामले में पारदर्शिता नहीं बरत रही है। उन्होंने कहा कि अगर इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो पार्टी इसके खिलाफ सड़कों पर उतरने का भी मन बना रही है।
इस मुद्दे पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार को चाहिए कि वह जनता के हित में तात्कालिक कदम उठाए और बिजली बिलों की समीक्षा करे। यह भी कहा गया कि भाजपा इस मामले को विधानसभा में उठाने का प्रयास करेगी।
राज्य के लोगों में इस विषय को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है और ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकार इस मुद्दे को कैसे संभालती है।