जिला किन्नौर के लिप्पा गांव में शुक्रवार सुबह बादल फटने से भोगती नाले में अचानक बाढ़ आ गई, जिससे गांव में भारी तबाही मच गई। नाले से निकला मलबा कई घरों और खेतों में घुस गया, जिससे ग्रामीणों को लाखों का नुकसान हुआ है। इस आपदा में जम्मू-कठुआ के दो मजदूर भी मलबे की चपेट में आ गए जिन्हें ग्रामीणों ने रेस्क्यू कर उपचार के लिए क्षेत्रीय चिकित्सालय रिकांगपिओ पहुंचाया। दोनों मजदूर खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं। पंचायत प्रधान हरीशा ने बताया कि सुबह करीब 6 बजे पनसेरिंग नामक स्थान पर बादल फटा, जिससे नाले में आए तेज बहाव ने करीब 50 बागवानों के सेब के बगीचों को नुकसान पहुंचाया। कई फलदार पौधे जड़ से उखड़ गए और खेतों में भारी मात्रा में मलबा भर गया। इसके साथ ही 10 गौशालाएं, सिंचाई टैंक और पेयजल पाइपें भी बह गईं। बाढ़ ने गांव का संपर्क मार्ग भी पूरी तरह काट दिया है।
वहीं डीसी किन्नौर डॉ. अमित कुमार शर्मा ने बताया कि इस आपदा से ग्रामीणों को भारी नुकसान पहुंचा है। प्रशासन ने दोनों घायल मजदूरों को 10-10 हजार रुपये की फौरी राहत प्रदान की है तथा कृषि, उद्यान, राजस्व व अन्य विभागों को नुकसान का आकलन करने के निर्देश दिए गए हैं।
