जोगिंदरनगर क्षेत्र में हाल ही में आई आपदा ने कई परिवारों को प्रभावित किया है। कुनडूनी, नेर घरवासड़ा, बुन्हला महरौली, निक्की ठाणा, कोटला जैसे गांवों में स्थिति गंभीर बनी हुई है। प्रभावित परिवारों को मजबूरन अपने घरों को छोड़कर किराए के मकानों में रहना पड़ रहा है, जबकि प्रशासन की सहायता सीमित है। ऐसे में, स्थानीय किसान सभा के नेतृत्व में पीड़ित परिवारों ने उप जिला मजिस्ट्रेट (SDM) से मुलाकात की है।
किसान सभा के सदस्यों ने SDM को अपनी समस्याओं से अवगत कराया और मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन भी भेजा है। ज्ञापन में मांग की गई है कि प्रभावित परिवारों को 7 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाए, ताकि वे अपने घरों की मरम्मत कर सकें और अन्य नुकसान की भरपाई कर सकें।
स्थानीय किसान सभा के नेता ने कहा कि प्रशासन को जल्द से जल्द प्रभावित लोगों की मदद करनी चाहिए, क्योंकि कई परिवार पहले से ही आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं और इस आपदा ने उनकी स्थिति को और भी खराब कर दिया है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि उन्हें प्रशासन से कोई ठोस सहायता नहीं मिली है, जिससे उनकी चिंता और बढ़ गई है। ऐसे में, सभी प्रभावित परिवारों ने एकजुट होकर अपनी आवाज उठाई है।
सरकार से उम्मीद है कि वह इस समस्या को गंभीरता से लेगी और जल्दी ही उचित कदम उठाएगी। प्रशासन को चाहिए कि वह जल्द से जल्द प्रभावित लोगों की स्थिति का आकलन करे और उनकी सहायता के लिए ठोस कदम उठाए।
यह स्थिति न केवल प्रभावित परिवारों के लिए चुनौतीपूर्ण है, बल्कि यह क्षेत्र के विकास के लिए भी एक बड़ा झटका है।